शनिवार, 17 अप्रैल 2010

पंवार पर बरसे राजनाथ

पंवार पर बरसे राजनाथ

छ: माह में पहली मर्तबा सर उठाया भाजपा ने
 
गडकरी को पीछे छोडने की तैयारी में राजनाथ
 
अपने कार्यकाल में नहीं पद छोडने के बाद दिखाए तीखे तेवर
 
(लिमटी खरे)

नई दिल्ली 17 अप्रेल। भाजपाध्यक्ष के पद से उतरने के बाद अब राजनाथ सिंह ने नितिन गडकरी की निष्क्रीयता का फायदा उठाकर एक बार फिर सक्रिय रोल अदा करने की ठान ली है। सालों साल मौनी बाबा बने रहने वाले राजनाथ सिंह ने अचानक ही कांग्रेस के कद्दावर संसद सदस्य अवतार सिंह भडाना के संसदीय क्षेत्र फरीदाबाद में जाकर भारतीय खाद्य निगम के गौदामों का औचक निरीक्षण कर सबको चौंका दिया।

फरीदाबाद और पलवल में जाकर राजनाथ सिंह ने गोदामों में सड रहे गेंहूं के बारे में अपनी चिन्ता को सार्वजनिक किया। एफसीआई के गौदाम में रखरखाव के अभाव में सड रहे गेंहूं को देखकर राजनाथ सिंह हत्थे से उखड गए। उन्होंने कहा कि सक्सेना कमेटी का प्रतिवेदन कहता है कि देश में 51 फीसदी से ज्यादा लोग गरीबी रेखा के नीचे (बीपीएल) जीवनयापन करते हैं। सरकारी तन्त्र को आडे हाथों लेते हुए उन्होंने कहा कि बेलगाम अफसरशाही और बिगडेल बाबूराज के चलते बीपीएल कार्ड ही गरीबों को नसीब नहीं हो पा रहे हैं। जहां बीपीएल कार्डधारकों को अनाज मिल भी रहा है, वहां उन्हें सडा गेंहू मिलाकर दिया जा रहा है।
 
राजनाथ सिंह का आरोप था कि पिछले दो सालों में रखखरवाव और भण्डारण के अभाव मेें बहत्तर लाख 36 हजार 235 टन गेंहूं सड गया। इस तरह सडे गेंहू के नमूने सदन में पेश किए जाएंगे, और सांसदों की समिति बनाकर गेंहूं के सडने के कारणों का पता लगाने, जवाबदेही तय करने और खाद्य सुरक्षा विधेयक लाने की मांग की जाएगी।
 
राजनाथ के एकाएक सक्रिय होने से भाजपा के आला नेताओं के कान खडे हो गए हैं। राजनाथ सिंह के करीबी सूत्रों का कहना है कि सितम्बर माह से भाजपा के नए निजाम के चुनने और ताजपोशी का उपक्रम किया जा रहा था। इसके बाद अब तक पिछले छ: माहों में केन्द्र सरकार की मनमानियों के खिलाफ भाजपा की धार बोथरी ही रही है। इसी बात को राजनाथ सिंह को समझाया गया है कि जब गडकरी सक्रिय होकर आगे आएं तब तक तो आप अपना काम युद्ध स्तर पर जारी रखिए। गौरतलब होगा कि अपने खुद के कार्यकाल में राजनाथ सिंह पूरी तरह मौनी बाबा के रोल में नज़र आए थे।

रैली के खर्च को लेकर देशमुख परेशान

रैली के खर्च को लेकर देशमुख परेशान

दो जिलों के लोगों का भार पडेगा केडी भाउ पर
 
साढे तीन लाख लोग जुटेंगे महारैली में
 
दो करोड रूपए का खाना खा जाएंगे भाजपाई
 

दिल्ली प्रदेश भाजपा के फूले हान्थ पांव
लिमटी खरे
नई दिल्ली 17 अप्रेल। भाजपा की प्रस्तावित 21 अप्रेल की रैली को लेकर मध्य प्रदेश के बालाघाट संसदीय क्षेत्र के सांसद के.डी.देशमुख की तबियत कुछ नासाज होती दिख रही है। परिसीमन के उपरान्त उनके संसदीय क्षेत्र जिला बालाघाट में विलोपित की गई सिवनी लोकसभा की सिवनी और बरघाट विधानसभा को जोड दिया गया है। अब उनके मत्थे सिवनी और बालाघाट के भाजपाईयों के रूकने खाने की व्यवस्था का भार सहना पड सकता है।
 
भाजपा के राष्ट्रीय मुख्यालय 11 अशोक रोड के सूत्रों का कहना है कि इस रेली में लगभग साढे तीन लाख लोगों के आने की उम्मीद है। इसमं से उत्तर प्रदेश से एक लाख, बिहार, हरियाणा और राजस्थान से पेन्तीस हजार, मध्य प्रदेश से 25 हजार, छत्तीसगढ, गुजरात और महाराष्ट्र से 15 हजार, पंजाब से 12 हजार, हिमाचल, उत्तराखण्ड और कर्नाटक से दस हजार लोगों के आने की संभावना है। इस रेली को भव्य बनाने के लिए भाजपा के मीडिया मैनेजरों ने कमर कस ली है।
 
इस रैली में मेजबानी करने के लिए दिल्ली प्रदेश भाजपा के कांधों पर जबर्दस्त भार डाल दिया गया है। साढे तीन लाख लोगों के लिए व्यस्था करने में प्रदेश भाजपा को पसीना आ रहा है। जब तब शीला दीक्षित की सरकार को मंहगाई के लिए घेरने वाली भाजपा अब खुद आन्तरिक तौर पर मंहगाई से जूझ रही है। इस रैली में आने वाले लोगों के लिए भोजन की व्यवस्था सबसे बडा सरदर्द बनने जा रहा है भाजपा के लिए।
 
भाजपा के उच्च पदस्थ सूत्रों ने बताया कि चूंकि रेली दिल्ली में आहूत हा रही है, इसलिए देश भर में जहां जहां से भी भाजपा के उम्मीदवार जीतकर सांसद बने हैं, वहां वहां उनके संसदीय क्षेत्र वाले जिलों से आने वाले कार्यकर्ताओं के रहने खाने की जवाबदारी उन संसद सदस्यों के जिम्मे कर दी गई है। भाजपा के एक पदाधिकारी ने नाम उजागर न करने की शर्त पर बताया कि इसे वे संसद सदस्य सबसे ज्यादा परेशान हैं जिनके संसदीय क्षेत्र में एक से ज्यादा जिले आते हैं। वैसे जहां जहां भाजपा की सरकार है, वहां अप्रत्यक्ष तौर पर भाजपा कार्यकर्ताओं को मदद करने के निर्देश जारी कर दिए गए हैं। मध्य प्रदेश के बाालाघाट संसदीय क्षेत्र के सांसद के.डी.देशमुख के जिम्मे सिवनी और बालाघाट जिलों की कमान सौंपी गई है।
 
प्राप्त जानकारी के अनुसार सिवनी और बालाघाट से आने वाले कुल कार्यकर्ता और पदाधिकारियों की संख्या लगभग 1000 हो रही है, जिनका रूकना और खाने का इन्तजाम करने की बात से के.डी.देशमुख की पेशानी पर पसीने की बून्दे छलक रहीं है। इस सम्बंध में जब के.डी.देशमुख से उनके मोबाईल 9013180120 और 9425403008 पर संपर्क करने का प्रयास किया गया तो उनके दोनों ही मोबाईल ऑउट ऑफ कवरेज का गाना गाते मिले। कहा जा रहा है कि कार्यकर्ताओं और पदाधिकारियों के आने की खबर और उनके इन्तजाम अली बनाए जाने से घबराकर उन्होंने अपने मोबाईल ही स्विच ऑफ कर लिए हैं।
 
उधर दिल्ली भाजपा के सूत्रों की मानें तो दिल्ली भाजपा के हर जिलाध्यक्ष को दस दस हजार रूपए जमा करने के निर्देश दिए गए हैं। रेली के बाद प्रदेश भाजपा के गठन की कवायद भी की जानी है, अत: पहल फुर्सत में ही जिलाध्यक्षों ने बिना ना नुकुर के ही अपना अंशदान जमा करवा दिया। सूत्रों की मानें तो दिल्ली भाजपा को यह रेली दो करोड रूपए की चोट देकर जाने वाली है।