बजट तक शायद चलें मनमोहन . . . 40
काले धन के छींटे प्रणव के दामन पर!
केंद्र के पास है स्विस एकाउंट वाले 690 लोगों की सूची
(लिमटी खरे)
नई दिल्ली। कांग्रेस के अंदर प्रधानमंत्री डॉ.मनमोहन सिंह, वित्त मंत्री प्रणव मुखर्जी और गृह मंत्री पलनिअप्पम चिदम्बरम के बीच चूहे बिल्ली का खेल चल रहा है। जिसे जब मौका मिल रहा है दूसरे की गरदन पकड़कर झझकोर रहा है। काले धन के मामले में विपक्ष द्वारा संप्रग सरकार को कटघरे में खड़ा किया जा रहा है तो प्रणव विरोधियों ने इस मसले में प्रणव मुखर्जी को ही कटघरे में खड़ा कर दिया है।
प्रधानमंत्री कार्यालय के सूत्रों के अनुसार वजीरे आजम डॉ.मनमोहन सिंह को यह बताया गया है कि केंद्रीय जांच ब्यूरो की पूछताछ में कम से कम डेढ़ दर्जन लोगों ने इस बात को स्वीकार किया है कि उनके स्विस बैंक में खाते हैं। वहीं दूसरी ओर यह चर्चा भी जोरों पर है कि सरकार के पास स्विस बैंक के खाताधारकों की एक कथित सूची भी है जिसमें 690 लोगों के नाम उसमें दर्ज होने की बात कही जा रही है।
नेहरू गांधी परिवार (महात्मा गांधी नहीं) के भाजपाई सदस्य वरूण गांधी ने इस बात की पुष्टि कर सूचना के अधिकार कानून के तहत इसमें जानकारी चाही है। सूत्रों के अनुसार सीबीआई पूछताछ में जिन लोगों ने स्विस बैंक में खाता होने की बात कबूल की है उनमें से नब्बे फीसदी कांग्रेस के नेताओं की देहरी पर अमूमन रोजाना ही मुजरा किया जाता हैै। अब कांग्रेस के अंदरखाने में ही कांग्रेस के इन कथित मित्रों को बचाने के अभियान को आरंभ करने की चर्चा चल पड़ी है।
कांग्रेस के एक वरिष्ठ पदाधिकारी ने नाम उजागर न करने की शर्त पर कहा कि कांग्रेस आलाकमान श्रीमति सोनिया गांधी के निर्देश पर वित्त मंत्री जल्द ही इन लोगों को आयकर विवरणी पुनः रिवाईज्ड रिटर्न की तर्ज पर जमा करने का मौका देने वाले हैं। इसके तहत उन अकूत काले धन वालों को अपने काले धन का कर भारत सरकार के पास जमा करना होगा, इसके उपरांत सेफ पैसेज के तहत उनके बचाव के मार्ग प्रशस्त किए जाएंगे।
(क्रमशः जारी)


New Delhi Time









कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें