सुबह सवेरे कश
लगाना हो सकता है घातक
(एकता श्रीवास्तव)
न्यूयार्क (साई)।
यूं तो स्वास्थ्य के लिहाज से धूम्रपान सिरे से ही गलत है, लेकिन जिन लोगों को
बेड-टी की तरह सुबह उठते ही कश लगाने की आदत है, उनके लिए तो यह लत
और भी जानलेवा साबित हो सकती है। सुबह-सुबह कश लगाना दिल को बीमार करने की आशंका
चार गुना ज्यादा बढ़ा देता है। यूएस जर्नल ऑफ मेडिकल के मुताबिक सुबह की शुरुआत कश
से करने वालों में फेफड़ों के कैंसर की आशंका 79 फीसदी बढ़ जाती है।
चिकित्सकों के
अनुसार सुबह उठने के आधे घंटे के भीतर पी गई सिगरेट रक्चताप बढ़ा देती है। सर्दी
में अधिसंख्य लोग सुबह एक के बजाय दो सिगरेट पीने लगते हैं। यह प्रवृत्ति दिल को
बीमार करने के साथ ही निकोटीन के नकारात्मक प्रभाव को चार गुना बढ़ाती है। इस आदत
के शिकार युवाओं में सिगरेट का सेवन शुरू करने के दो-तीन साल में रक्तचाप की समस्या
सामने आती है। दोपहर की अपेक्षा सुबह पी गई एक सिगरेट 10 से 15 मिनट के भीतर 6 से
10 एमएमएचजी रक्तचाप बढ़ा देती है। इसका पता तुरंत नहीं लगता, लेकिन लंबे समय बाद
इसकी वजह से समस्याओं का उभरना शुरू होता है।
एक आंकलन के अनुसार
सिगरेट का पहला कश 7 सेकंड में मस्तिष्क तक पहुंच जाता है। सिगरेट के खतरे को
जानने वाले बताते हैं कि निकोटीन मस्तिष्क के न्यूरोकेमिकल डोपामाइन और
नॉरएड्रलाइन के साथ मिलकर केमिकल छोड़ता है। इतना ही नहीं एक सिगरेट निकोटीन जैसे
ही टार, आर्सेनिक, एनएचथ्रीसीओटू, हाइड्रोजन सायनाइड, फॉरमेलडाइड, एस्पेस्टो, पीओटूओटूआईओ, लीड, डीडीटी, एक्टेलेडिलाइड जैसे
हानिकारक रसायनों का स्राव करता है।
कम ही लोग जानते
हैं कि सिगरेट के सेवन के एक सेकंड के भीतर 4800 से अधिक जहरीले तत्व खून में मिल
जाते हैं। नियमित पांच सिगरेट पीने वालों की एक महीने के भीतर ही आवाज बदल जाती
है। चिकित्सकों की मानें तो यदि आपको सुबह उठते ही सिगरेट की तलब लगे, तो बजाय कश लगाने
के ब्लैक-टी या एरोमा-टी की चुस्कियां लें।


New Delhi Time









कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें